ब्रिटेन ने लोगों में फॉरएवर केमिकल की जांच का पहला अध्ययन शुरू किया
ब्रिटेन सरकार पूरी आबादी के शरीर में PFAS की मात्रा मापने का पहला अध्ययन शुरू कर रही है। PFAS को अक्सर फॉरएवर केमिकल कहा जाता है। इसका मकसद यह समझना है कि इन रसायनों से लोगों की सेहत को किस तरह के खतरे हो सकते हैं। इस अध्ययन से अधिकारियों को यह साफ पता चलेगा कि ये रसायन कितने व्यापक रूप से पाए जाते हैं।
पृष्ठभूमि
संदर्भ: PFAS इंसानों द्वारा बनाए गए रसायनों का एक समूह है। इन्हें फॉरएवर केमिकल का नाम इसलिए मिला है क्योंकि ये शरीर और पर्यावरण में बहुत धीरे टूटते हैं। सरकारें अक्सर यह मापती हैं कि लोग इनके संपर्क में कितने आए हैं।
बर्निंग पोटैटो स्कोर: 62%