आदित्य-L1 को सौर विस्फोटों के बारे में नए सुराग मिले
भारत के सौर मिशन आदित्य-L1 ने इस बात पर नई जानकारी साझा की है कि सौर विस्फोट कैसे फैलते हैं। वैज्ञानिकों ने पाया कि एक विस्फोट सभी दिशाओं में एक जैसा नहीं फैला, बल्कि असमान तरीके से फैला। यह खोज मौसम पूर्वानुमान लगाने वालों को अंतरिक्ष के मौसम का बेहतर अनुमान लगाने में मदद कर सकती है। अंतरिक्ष का मौसम यानी अंतरिक्ष की वे परिस्थितियाँ जो पृथ्वी को प्रभावित कर सकती हैं।
पृष्ठभूमि
संदर्भ: आदित्य-L1 इसरो की सौर वेधशाला है, जो सूर्य का अध्ययन करने के लिए पृथ्वी से लगभग 1.5 मिलियन km दूर स्थापित है। सौर विस्फोट आवेशित कणों को पृथ्वी की ओर भेज सकते हैं, इसलिए इनका पूर्वानुमान उपग्रहों और संचार के लिए महत्वपूर्ण है।