डिजिटल कन्नड़ अध्ययन सामग्री को बेहतर बनाने की मांग
यथेंद्र ने कन्नड़ माध्यम में पढ़ने वाले छात्रों के लिए बेहतर डिजिटल अध्ययन सामग्री की ज़रूरत पर ज़ोर दिया। उनका कहना था कि इन छात्रों को अच्छे संसाधन चाहिए, विज्ञान और तकनीक में अवसर चाहिए, और प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए सहायता भी चाहिए। यह बात उन छात्रों के बारे में है जो अपनी क्षेत्रीय भाषा में पढ़ते हैं।
पृष्ठभूमि
संदर्भ: कन्नड़ कर्नाटक की आधिकारिक भाषा है, और वहां के कई छात्र अंग्रेज़ी की जगह इसी भाषा में पढ़ते हैं। प्रतियोगी परीक्षाएं अक्सर अंग्रेज़ी या राष्ट्रीय प्रारूप में होती हैं, इसलिए अच्छी कन्नड़ सामग्री का महत्व है।
बर्निंग पोटैटो स्कोर: 52%