राज्य कर्ज चुकाने की तारीखें आगे बढ़ा रहे हैं ताकि दबाव कम हो
राज्य अपने कर्ज की अवधि बढ़ा रहे हैं, जिससे कर्ज लौटाने की तारीखें आगे खिसक रही हैं। लगातार बने वित्तीय दबाव और बढ़ती उधारी की ज़रूरतों के बीच यह कदम अहम माना जा रहा है, और इसका मकसद राज्य सरकारों पर भुगतान का बोझ कम करना है।
पृष्ठभूमि
संदर्भ: राज्य के कर्ज की मैच्योरिटी वह तारीख है जब उसके बॉन्ड या कर्ज वापस चुकाने होते हैं, इसलिए अवधि लंबी होने पर भुगतान ज़्यादा सालों में बँट जाता है। राज्य योजनाओं और बुनियादी ढांचे के लिए भारी उधारी लेते हैं, और केंद्र उनकी वित्तीय स्थिति पर बारीकी से नज़र रखता है।